ग्रेटर नोएडा वेस्ट: द श्री राम यूनिवर्सल स्कूल के प्रांगण में 31 अक्टूबर 2026 को वार्षिक सांस्कृतिक समारोह ‘श्री उत्सव 2026’ का अत्यंत गरिमामयी और भव्य आयोजन किया गया। कला, सृजनशीलता और मानवीय मूल्यों के अनूठे संगम के रूप में आयोजित इस समारोह का मुख्य आकर्षण कक्षा चौथी से नौवीं तक के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत नाट्य मंचन ‘पॉटर: द लाइट विदिन’ रहा। इस प्रस्तुति के माध्यम से विद्यार्थियों ने अपनी उत्कृष्ट मंचीय कला और भावपूर्ण अभिव्यक्ति से उपस्थित जनसमूह को भावविभोर कर दिया।
गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति
समारोह का विधिवत शुभारंभ मुख्य अतिथि श्रीमती मोनिका एस. गर्ग (सेवानिवृत्त आईएएस) और विद्यालय के अन्य विशिष्ट पदाधिकारियों द्वारा पारंपरिक दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इस अवसर पर विद्यालय के अध्यक्ष श्री बिजेंद्र सिंह ‘मुंशी जी’, उपाध्यक्ष श्री योगेंद्र सिंह, श्री निशांत सिंह, श्रीमती वंदना सिंह, प्रधानाचार्या श्रीमती ज्योति रॉय, निदेशक डॉ. जय कुमार सिंह और हेडमिस्ट्रेस श्रीमती रुचि कृष्णात्रे उपस्थित रहे।
समारोह की मुख्य अतिथि श्रीमती मोनिका एस. गर्ग, जो भारतीय प्रशासनिक सेवा के 1989 बैच की अधिकारी एवं प्रतिष्ठित शिक्षाविद् रही हैं, ने अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई। उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) के प्रभावी क्रियान्वयन में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
शिक्षा और मूल्यों पर विचार
समारोह के दौरान विद्यालय के अध्यक्ष श्री बिजेंद्र सिंह ‘मुंशी जी’ ने विद्यार्थियों के चरित्र-निर्माण और आत्मविश्वास के विकास में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भूमिका पर बल दिया। उपाध्यक्ष श्री योगेंद्र सिंह ने विद्यार्थियों की सृजनात्मकता और टीम वर्क की सराहना की। निदेशक डॉ. जय कुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि अनुभवपरक शिक्षा बच्चों की अंतर्निहित क्षमताओं को निखारने का सशक्त माध्यम है।
मुख्य अतिथि श्रीमती मोनिका एस. गर्ग ने विद्यार्थियों के प्रदर्शन की प्रशंसा करते हुए आधुनिक शिक्षा प्रणाली में नवाचार (Innovation), कौशल विकास और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के विवेकपूर्ण उपयोग की आवश्यकता को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि बदलती दुनिया में तकनीक और संस्कारों का संतुलन अनिवार्य है।
विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती ज्योति रॉय ने अपने संबोधन में कहा, “शिक्षा का उद्देश्य मात्र किताबी ज्ञान प्रदान करना नहीं, बल्कि प्रत्येक विद्यार्थी के व्यक्तित्व का समग्र विकास करना है।”
अंधकार पर प्रकाश की विजय: ‘पॉटर: द लाइट विदिन’ मंचीय प्रस्तुति ‘
हैरी पॉटर: द लाइट विदिन’ के माध्यम से विद्यार्थियों ने मित्रता, साहस और अटूट विश्वास का संदेश दिया। स्वयं की खोज और प्रकाश व अंधकार के शाश्वत संघर्ष पर आधारित इस कथा ने यह प्रभावशाली संदेश दिया कि आशा की एक छोटी सी किरण भी घोर निराशा को दूर करने की शक्ति रखती है। विद्यार्थियों के अभिनय, अनुशासन और कलात्मक कौशल ने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा।
कार्यक्रम का चरमोत्कर्ष एक भव्य सामूहिक समापन प्रस्तुति के साथ हुआ, जिसने पूरे वातावरण को ऊर्जा और उल्लास से भर दिया। विद्यालय गीत की सुमधुर स्वर-लहरियों के साथ समारोह का समापन हुआ। अंत में, हेडमिस्ट्रेस श्रीमती रुचि कृष्णात्रे ने मुख्य अतिथि, प्रबंध समिति, अभिभावकों और शिक्षकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापन दिया।
‘श्री उत्सव 2026’ न केवल एक सांस्कृतिक आयोजन था, बल्कि इसने यह संदेश भी प्रसारित किया कि यदि विद्यार्थी अपने अंतर्मन के प्रकाश को आत्मविश्वास और परिश्रम से प्रज्वलित करें, तो वे जीवन की हर चुनौती पर विजय प्राप्त कर सकते हैं।





